परस साहू
गुण्डरदेही।
छत्तीसगढ़ के बालोद जिले स्थित शासकीय घनश्याम सिंह गुप्त स्नातकोत्तर महाविद्यालय के लिए गर्व का क्षण है कि महाविद्यालय के चार होनहार रोवर-रेंजर का चयन राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित *एनवायरमेंट अवेयरनेस एवं कोस्टल ट्रैकिंग प्रोग्राम* हेतु हुआ है। यह कार्यक्रम आगामी 20 अप्रैल से 24 अप्रैल तक गुजरात के सासन गिर स्थित एशियाटिक लायन कैंप, चित्रोद में आयोजित किया जाएगा।
इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय शिविर में महाविद्यालय के रोवर लक्ष साहू, डेलेंद्र सिन्हा तथा रेंजर जागृति बारले और अंजली साहू छत्तीसगढ़ राज्य का प्रतिनिधित्व करेंगे। विशेष बात यह है कि ये सभी प्रतिभागी न केवल अपने महाविद्यालय, बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ का नेतृत्व करते हुए पर्यावरण संरक्षण और साहसिक गतिविधियों में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
यह राष्ट्रीय स्तर का कार्यक्रम भारत स्काउट्स एंड गाइड्स के राष्ट्रीय मुख्यालय, नई दिल्ली के मार्गदर्शन में आयोजित किया जा रहा है, जिसमें देशभर से चयनित स्काउट-गाइड, रोवर-रेंजर एवं यूनिट लीडर भाग ले रहे हैं। यह शिविर युवाओं के सर्वांगीण विकास, पर्यावरण जागरूकता और नेतृत्व क्षमता को विकसित करने के उद्देश्य से आयोजित किया जाता है।
*शिविर की प्रमुख गतिविधियां:*
इस पांच दिवसीय शिविर में प्रतिभागियों को विविध गतिविधियों के माध्यम से व्यावहारिक एवं अनुभवात्मक ज्ञान प्रदान किया जाएगा, जिसमें—
* प्रकृति पथ एवं निर्देशित वन भ्रमण
* वनस्पति एवं वन्य जीवों का अध्ययन
* तटीय ट्रैकिंग एवं समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र का अवलोकन
* मैंग्रोव संरक्षण एवं जागरूकता
* समुद्र तट स्वच्छता अभियान
* समूह चर्चा एवं प्रस्तुति
* कैंप फायर एवं बीएसजी की नियमित गतिविधियां
* ट्रेकिंग एवं एडवेंचर अभ्यास
* नेतृत्व विकास एवं टीम वर्क प्रशिक्षण
इन गतिविधियों के माध्यम से युवाओं में अनुशासन, आत्मनिर्भरता, साहस, सेवा भावना तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रति जिम्मेदारी विकसित की जाएगी।
*छत्तीसगढ़ का करेंगे प्रतिनिधित्व:*
चयनित रोवर-रेंजर न केवल प्रतिभागी के रूप में बल्कि छत्तीसगढ़ के युवा प्रतिनिधि के रूप में अपनी भूमिका निभाएंगे। वे राज्य की सांस्कृतिक, सामाजिक और पर्यावरणीय चेतना को राष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत करेंगे तथा अन्य राज्यों के प्रतिभागियों के साथ अनुभव साझा करेंगे। यह अवसर उनके लिए नेतृत्व कौशल विकसित करने और राज्य का गौरव बढ़ाने का एक महत्वपूर्ण मंच सिद्ध होगा।
*महाविद्यालय प्रशासन ने जताया गर्व:*
इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. जे. के. खलखो ने सभी प्रतिभागियों को बधाई देते हुए कहा कि ऐसे राष्ट्रीय कार्यक्रम विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय के विद्यार्थी लगातार अपनी प्रतिभा और सेवा भावना से नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर रहे हैं, जो संस्थान के लिए गौरव की बात है।
वहीं रोवर-रेंजर प्रभारी प्रो. डॉ. आर. डी. साहू ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि यह चयन विद्यार्थियों की मेहनत, अनुशासन और समर्पण का परिणाम है। उन्होंने बताया कि इस प्रकार के एडवेंचर एवं पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रम युवाओं में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को मजबूत करते हैं।
गुजरात में आयोजित यह राष्ट्रीय शिविर न केवल विद्यार्थियों के लिए सीखने और अनुभव प्राप्त करने का एक उत्कृष्ट अवसर है, बल्कि यह महाविद्यालय एवं छत्तीसगढ़ राज्य के लिए भी गौरव का विषय है। निश्चित रूप से ये रोवर-रेंजर अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से राज्य का नाम रोशन करेंगे और पर्यावरण संरक्षण के संदेश को व्यापक स्तर पर प्रसारित करेंगे। राष्ट्रीय शिविर में सम्मिलित होने और अपनी सहभागिता देने हेतु भारत स्काउट गाइड बालोद जिला डीओसी प्रेमलता चंद्राकर, एवं नेम सिंह साहू का मार्गदर्शन रहा एवं महाविद्यालय के समस्त स्टाफ ने विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें निरंतर प्रगति के लिए शुभकामनाएं दी हैं।

