परस साहू बालोद
बालोद जिला मुख्यालय से 12 किलोमीटर दूर ग्राम खपरी में आयोजित सुशासन दिवस कार्यक्रम में किसानों की लंबे समय से चली आ रही समस्या प्रमुखता से सामने आई। ग्राम पंचायत ओरमा की सरपंच मंजूलता साहू ने बघमरा माइनर नहर किनारे जर्जर मार्ग और किसानों के आवागमन में हो रही दिक्कतों को लेकर अधिकारियों के समक्ष गंभीरता से मुद्दा उठाया।
आवेदन पत्र से खुली जमीनी हकीकत
सरपंच द्वारा जिलाधीश कार्यालय बालोद को भेजे गए आवेदन पत्र में स्पष्ट उल्लेख किया गया है कि ग्राम ओरमा के आश्रित ग्राम में नहर निर्माण के बाद खेतों तक पहुंचने वाला मार्ग पूरी तरह जर्जर हो चुका है। इससे किसानों को खेती-किसानी कार्य, वाहन आवागमन और फसल परिवहन में भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
पत्र में यह भी बताया गया कि जल संसाधन विभाग द्वारा अब तक किसानों के लिए सुगम और व्यवस्थित मार्ग की व्यवस्था नहीं की गई है।
सुशासन दिवस में शिकायत उठने और आवेदन प्रस्तुत होने के तुरंत बाद जल संसाधन विभाग की ओर से सरपंच को स्थल निरीक्षण के लिए फोन किया गया। विभाग ने मामले का जल्द निराकरण करने का आश्वासन दिया है।
सरपंच की सक्रियता लाई रंग
सरपंच मंजूलता साहू लगातार क्षेत्र की जनसमस्याओं को लेकर सक्रिय बनी हुई हैं। उनके प्रयासों से ही किसानों की यह गंभीर समस्या अब प्रशासन की प्राथमिकता में आ गई है।
ग्रामीणों को उम्मीद है कि जल्द ही नहर किनारे जर्जर मार्ग का सुधार कार्य शुरू होगा और किसानों को बड़ी राहत मिलेगी।

