परस साहू बालोद
छत्तीसगढ़ सरकार की प्राथमिकता और जन-कल्याणकारी नीतियों को धरातल पर उतारने के उद्देश्य से आगामी ग्रामीण और नगरीय क्षेत्र में होने वाले शिविर ‘सुशासन तिहार’ के गरिमामय आयोजन हेतु प्रशासनिक स्तर पर तैयारियाँ तेज हो गई हैं। इसी कड़ी में आज गुण्डरदेही एसडीएम प्रतिमा ठाकरे द्वारा अनुभाग स्तर पर सभी विभागों की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक ली गई।
बैठक के दौरान एसडीएम ने स्पष्ट किया कि सुशासन का असली अर्थ जनता की समस्याओं का समय पर समाधान करना है। उन्होंने अब तक प्राप्त विभिन्न आवेदनों की स्थिति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि कोई भी जन-शिकायत अनावश्यक रूप से लंबित न रहे।
*विभागीय कार्यों की गहन समीक्षा*
एसडीएम प्रतिमा ठाकरे ने बिंदुवार चर्चा करते हुए सभी विभागों के प्रमुखों से उनके पास लंबित प्रकरणों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि आगामी सुशासन तिहार के अवसर पर शासन की मंशा के अनुरूप पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ त्वरित रूप से मिलना चाहिए।
“जनता और प्रशासन के बीच की दूरी कम करना ही हमारा लक्ष्य है। सुशासन तिहार के माध्यम से हम यह सुनिश्चित करेंगे कि शासकीय सेवाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँचे।”
— प्रतिमा ठाकरे, एसडीएम गुण्डरदेही
*बैठक में मुख्य उपस्थिति*
समीक्षा बैठक में प्रमुख रूप से कोमल ध्रुव, तहसीलदार गुण्डरदेही ,चंद्रशेखर चंद्राकर तहसीलदार अर्जुन्दा,जनपद सीईओ,कोमल ठाकुर, सीएमओ नगर पंचायत गुण्डरदेही ,कृषि,महिला बाल विकाश अधिकारी,पीडब्ल्यूडी,खाद्य विभाग,मत्स्यपालन,उद्यानिकी,स्कूलशिक्षा विभाग,हार्टिकल्चर,
व विभिन्न विभागों के खण्ड स्तरीय अधिकारी एवं संबंधित कर्मचारी उपस्थित रहे।
*इन बिंदुओं पर रहा विशेष जोर*
आवेदन निराकरण: विभिन्न माध्यमों (जनदर्शन, ऑनलाइन पोर्टल, लिखित आवेदन) से प्राप्त शिकायतों का समय सीमा के भीतर शत-प्रतिशत निराकरण।
योजनाओं का क्रियान्वयन: सुशासन तिहार के दौरान कैंप लगाकर ग्रामीणों को पेंशन, राशन कार्ड, और कृषि संबंधी योजनाओं से जोड़ना।
समन्वय: नगर पंचायत और राजस्व विभाग के बीच समन्वय स्थापित कर नगरीय क्षेत्र की समस्याओं को प्राथमिकता देना।
*तैयारियों को लेकर कड़े निर्देश*
तहसीलदार कोमल ध्रुव और सीएमओ कोमल ठाकुर को निर्देशित किया गया कि वे अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में सफाई, पेयजल और बुनियादी सुविधाओं की मॉनिटरिंग बढ़ाएं। बैठक के अंत में एसडीएम ने चेतावनी दी कि कार्य में लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

