PATRIKA24x7

सुशासन तिहार बना आम जनों के समस्या को अवगत कराने का सुविधाजनक माध्यम मालती बाई एवं ज्योति पवार ने मांग की प्रधानमंत्री आवास योजना की स्वीकृति।

लीलाधर साहू

गुण्डरदेही।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मंशानुरूप राज्य में सुशासन की स्थापना सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शुरू की गई सुशासन तिहार पूरे राज्य की भाँति बालोद जिले के आम नागरिकों के लिए उनके मांगों एवं समस्याओं के निराकरण सुनिश्चित करने का बेहतर माध्यम साबित हो रहा है। सुशासन तिहार के माध्यम से अब आम जनों को अपने समस्या का निराकरण करने के लिए आवेदन प्रस्तुत करने सरकारी कार्यालयों का चक्कर लगाना नही पड़ रहा है। अब वे अपने गांव में ही ग्राम पंचायत कार्यालय में बहुत ही आसानी के साथ अपना आवेदन प्रस्तुत कर रहे हैं। इसके साथ ही उन्हें शासन से अपने मांग एवं समस्याओं का जल्द से जल्द निराकरण होने की उम्मीद है।

इसी कड़ी में आज सुशासन तिहार के प्रथम चरण के अंतिम दिन जिला मुख्यालय बालोद के समीपस्थ ग्राम कोंहगाटोला के ग्रामीण महिला मालती बाई साहू एवं ग्राम जुंगेरा निवासी ज्योति पवार ने अपने मांग एवं समस्याओं के निराकरण हेतु आवेदन करने अपने ग्राम पंचायत कार्यालय पहुँची। सुशासन तिहार के माध्यम से अपने मांगों के निराकरण के लिए आवेदन प्रस्तुत करते समय उनके चेहरे बहुत ही प्रसन्नता नजर आ रही है।
उल्लेखनीय है कि बालोद विकासखण्ड के ग्राम कोंहगाटोला के ग्रामीण महिला मालती बाई साहू एवं ग्राम जुंगेरा निवासी ज्योति पवार ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ प्रदान करने आवेदन प्रस्तुत किया है। उन्होंने कहा कि हमें पूरा विश्वास है कि सुशासन तिहार के माध्यम से अगले चरण में उनकी मांग का समुचित निराकरण हो सकेगा।

उन्होंनेबताया कि सुशासन तिहार के माध्यम से हम जैसे अनेक ग्रामीण महिलाओं को जिन्हें अपने मांग एवं समस्याओं का निराकरण करने के लिए सरकारी कार्यालयों का चक्कर लगाना पड़ता था। जिससे हमें आने-जाने में बहुत ही दिक्कतों का सामना करना पड़ता था परंतु आज सुशासन तिहार के माध्यम से अपने-अपने ग्राम पंचायत कार्यालय में ही अपनी मांग का आवेदन प्रस्तुत कर समय एवं धन दोनों की ही बचत हो रही है। उन्होंने राज्य शासन की इस पहल को बहुत ही कारगर कदम बताया। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री  विष्णुदेव साय के प्रति विनम्र आभार व्यक्त करते हुए उन्हेें हृदय से धन्यवाद दिया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!